25/09/2026
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भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, युवा कार्यक्रम विभाग तथा राष्ट्रीय सेवा योजना, क्षेत्रीय निदेशालय, लखनऊ एवं छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय, कानपुर के दिशा-निर्देशन में चलाए जा रहे “नशा मुक्त युवा—सशक्त युवा” तीन माह के संकल्प अभियान के अंतर्गत आज “मेरा स्वास्थ्य, मेरा गर्व” शीर्षक के तहत जनता कॉलेज, बकेवर, इटावा में स्वास्थ्य जागरूकता एवं स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। उत्तर प्रदेश के चयनित 10 संस्थानों में आयोजित किए जा रहे इस विशेष स्वास्थ्य शिविर के लिए जनता कॉलेज, बकेवर को भी चयनित किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. नलिनी शुक्ला ने की। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को नशे से दूर रहने, स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, संतुलित एवं पौष्टिक आहार के महत्व को समझने तथा नियमित स्वास्थ्य परीक्षण के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम के प्रथम सत्र में "पोषण एवं भोजन का महत्व” विषय पर डॉ. ललित गुप्ता ने विस्तारपूर्वक व्याख्यान दिया। उन्होंने बताया कि संतुलित एवं पौष्टिक भोजन स्वस्थ शरीर, स्वस्थ मस्तिष्क और बेहतर कार्यक्षमता का आधार है। उन्होंने युवाओं को जंक फूड, अत्यधिक तैलीय एवं असंतुलित भोजन से बचने तथा दैनिक आहार में हरी सब्जियां, मौसमी फल, दालें, अनाज एवं पर्याप्त मात्रा में पानी को शामिल करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि उचित पोषण युवाओं की शारीरिक एवं मानसिक क्षमता को मजबूत बनाने के साथ-साथ उन्हें अनेक स्वास्थ्य समस्याओं से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।कार्यक्रम के द्वितीय सत्र में "नशे की लत का प्रभाव एवं उत्तम स्वास्थ्य" विषय पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, महेवा, इटावा के डॉ. जितेन्द्र तथा डॉ. मिथिलेश ने विद्यार्थियों एवं राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों को संबोधित किया। वक्ताओं ने नशीले पदार्थों के शारीरिक, मानसिक, सामाजिक एवं पारिवारिक दुष्प्रभावों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने युवाओं को नशे से होने वाली गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के प्रति सचेत करते हुए कहा कि नशा व्यक्ति की शारीरिक क्षमता को प्रभावित करने के साथ-साथ उसकी शिक्षा, कार्यक्षमता, पारिवारिक जीवन एवं सामाजिक प्रतिष्ठा पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालता है। उन्होंने युवाओं से नशे से पूर्णतः दूर रहने तथा अपने आसपास के लोगों को भी नशामुक्त जीवन के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया। महाविद्यालय के मुख्य अनुशासन अधिकारी प्रो. ए. के. पांडेय ने भी अपने संबोधन में युवाओं को नशे से बचने तथा स्वस्थ एवं अनुशासित जीवन अपनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति देश की सबसे महत्वपूर्ण शक्ति है और स्वस्थ, जागरूक तथा नशामुक्त युवा ही विकसित भारत के निर्माण में प्रभावी भूमिका निभा सकते हैं। कार्यक्रम का संचालन राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मनोज यादव ने किया। उन्होंने कार्यक्रम के उद्देश्यों, तीन माह के संकल्प अभियान की रूपरेखा तथा स्वास्थ्य एवं नशामुक्ति से संबंधित गतिविधियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना का प्रमुख उद्देश्य युवाओं में सेवा, अनुशासन, सामाजिक उत्तरदायित्व एवं स्वस्थ जीवनशैली की भावना विकसित करना है। उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग करने वाले चिकित्सकों, महाविद्यालय प्रशासन, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया।कार्यक्रम के उपरांत राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत 15 से 18 वर्ष आयु वर्ग के छात्र-छात्राओं का सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। चिकित्सकीय दल द्वारा विद्यार्थियों की स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक जांच की गई तथा स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के बारे में आवश्यक परामर्श प्रदान किया गया। स्वास्थ्य परीक्षण के उपरांत आवश्यकता के अनुसार विद्यार्थियों को दवाओं का वितरण भी किया गया। विद्यार्थियों ने स्वास्थ्य परीक्षण में उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए चिकित्सकों से स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की। इस अवसर पर महाविद्यालय के शिक्षकगण डॉ. पी. के. राजपूत, डॉ. एम. पी. सिंह, डॉ. धर्मेंद्र कुमार, डॉ. आदित्य कुमार, डॉ. संजीव कुमार, डॉ. संजय विश्वकर्मा, डॉ. प्रकाश दुबे, डॉ. योगेश शुक्ला, डॉ. इंदुबाला सहित अन्य शिक्षक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। स्वास्थ्य शिविर में जनता कॉलेज, बकेवर के कुल 259 छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को पौष्टिक आहार, व्यक्तिगत स्वास्थ्य, नियमित स्वास्थ्य परीक्षण, नशे के दुष्प्रभाव तथा स्वस्थ जीवनशैली के महत्व के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त हुई। कार्यक्रम का समापन स्वस्थ, जागरूक एवं नशामुक्त युवा समाज के निर्माण के संकल्प के साथ किया गया। महाविद्यालय प्रशासन ने कहा कि इस प्रकार के जागरूकता एवं स्वास्थ्य संबंधी कार्यक्रम भविष्य में भी निरंतर आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने तथा नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए प्रेरित किया जा सके।