27/07/2026
*जी.एस . कॉलेज ऑफ कॉमर्स एंड इकोनॉमिक्स में कारगिल विजय दिवस पर वीर शहीदों को दी गई भावपूर्ण श्रद्धांजलि*
जी.एस. कॉलेज ऑफ कॉमर्स एंड इकोनॉमिक्स (स्वशासी), जबलपुर में 26 जुलाई, कारगिल विजय दिवस के अवसर पर एक गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कारगिल युद्ध के अमर शहीदों के अदम्य साहस, शौर्य एवं सर्वोच्च बलिदान को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कार्यकारी प्राचार्य डॉ. शिव कुमार व्यास ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि कारगिल विजय दिवस केवल विजय का उत्सव नहीं, बल्कि देश के वीर शहीदों के अद्वितीय पराक्रम और बलिदान को स्मरण करने का अवसर है। उन्होंने कहा कि देशभक्ति केवल सीमाओं पर हथियार लेकर देश की रक्षा करने तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रत्येक नागरिक अपने कर्तव्यों का ईमानदारी, निष्ठा एवं समर्पण के साथ पालन करके भी राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।
राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. नीरज केशरवानी ने कारगिल युद्ध की वीरगाथा का उल्लेख करते हुए बताया कि भारतीय सेना के जांबाज़ सैनिकों ने लगभग 1600 फीट की ऊँचाई पर स्थित दुर्गम पर्वत चोटियों पर बैठे दुश्मनों को अदम्य साहस, उत्कृष्ट रणनीति एवं अटूट संकल्प के बल पर पराजित कर भारत का गौरव विश्व पटल पर स्थापित किया। उन्होंने विद्यार्थियों से सैनिकों के त्याग, अनुशासन एवं राष्ट्रप्रेम से प्रेरणा लेकर अपने जीवन में राष्ट्रसेवा की भावना विकसित करने का आह्वान किया।
एनसीसी अधिकारी कैप्टन अनुराग उपाध्याय ने कार्यक्रम का प्रभावी संचालन किया। अपने उद्बोधन में उन्होंने कहा कि कारगिल विजय दिवस हमें भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस, अनुशासन, राष्ट्रनिष्ठा एवं सर्वोच्च बलिदान से प्रेरणा लेने का संदेश देता है। उन्होंने विद्यार्थियों से राष्ट्र के प्रति समर्पण, अनुशासन, सेवा एवं कर्तव्यनिष्ठा की भावना को अपने जीवन में आत्मसात करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर एनसीसी कैडेट श्रद्धा दुबे, सानिया बानो, आयशा सिद्दीकी, श्वेता सतनामी, मान्यता सक्सेना एवं आदित्य कुमार ने अपने प्रेरणादायी भाषणों एवं देशभक्ति से ओत-प्रोत कविताओं के माध्यम से कारगिल के वीर सैनिकों एवं अमर शहीदों को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।
कार्यक्रम में वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. डी.बी. कोष्ठा, डॉ. आर.के. गौतम सहित महाविद्यालय के समस्त प्राध्यापकगण, अधिकारी, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ राष्ट्र के वीर सपूतों के प्रति कृतज्ञता एवं सम्मान व्यक्त करते हुए किया गया।