17/05/2026
17 मई 2026 (रविवार) को राजस्थानी भाषा के सम्मान और अधिकार को लेकर एक महत्वपूर्ण वैचारिक मंथन होने जा रहा है। महाविद्यालय प्रांगण (मण्डावा मोड़) में प्रातः 10:00 बजे से "राजस्थानी भाषा पर समूह चर्चा" का भव्य आयोजन किया जाएगा।
इस विशेष आयोजन का मुख्य उद्देश्य राजस्थानी भाषा (मायड़ भाषा) को भारतीय संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने की वर्षों पुरानी मांग को प्रखर रूप से उठाना तथा इस संबंध में माननीय सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के प्रति सम्मान प्रकट करते हुए जागरूकता बढ़ाना है।
मायड़ भासा रो मान - राजस्थान री शान
महाविद्यालय प्रशासन के अनुसार, यह आयोजन केवल एक चर्चा नहीं बल्कि अपनी संस्कृति और मातृभाषा के प्रति अस्मिता की लड़ाई को आगे बढ़ाने का एक साझा प्रयास है। इस कार्यक्रम में शहर के प्रबुद्ध नागरिक, शिक्षाविद, साहित्यकार, समाजसेवी और मातृभाषा प्रेमी जुटेंगे।
"आपकी गरिमामयी उपस्थिति राजस्थानी भाषा का मान बढ़ायेगी। हमारी मातृभाषा ही हमारी असली पहचान है और इसे इसका हक दिलाना हर राजस्थानी का कर्तव्य है।"
— डॉ. योगिता शर्मा (प्राचार्य) एवं राजकुमार मोरवाल (सचिव)
महाविद्यालय प्रबंधन क्षेत्र के सभी प्रबुद्ध जनों और भाषा प्रेमियों से इस कार्यक्रम में अधिकाधिक संख्या में पधारकर राजस्थानी भाषा के इस अभियान को बल देने का करबद्ध आग्रह करता है।