24/09/2026
Central Sanskrit University, Lucknow Campus केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय, लखनऊ परिसर में एक अत्यंत गरिमामय सौप्रस्थानिक समारोह का आयोजन किया गया। यह समारोह परिसर के बौद्धदर्शन एवं पालि अनुसन्धान केन्द्र के विभागाध्यक्ष एवं पूर्व सह-निदेशक प्रो. गुरुचरण सिंह नेगी के सम्मान में आयोजित किया गया, जिनके लखनऊ परिसर से एकलव्य परिसर में निदेशक पद पर पदस्थ होने के उपलक्ष्य में गुरुवार को लखनऊ परिसर में भावपूर्ण विदाई समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन बौद्धदर्शन विभाग के अध्यापक डॉ. प्रदीप कुमार द्विवेदी द्वारा किया गया। समारोह में लखनऊ परिसर के विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्षों एवं अधिकारियों ने प्रो. नेगी के साथ अपने कार्यानुभव साझा करते हुए परिसर एवं सहकर्मियों के प्रति उनके योगदान, सहयोगपूर्ण कार्यशैली तथा सरल एवं सौम्य व्यक्तित्व की मुक्तकण्ठ से सराहना की। वक्ताओं ने कहा कि प्रो. नेगी ने अपने दायित्वों का निर्वहन सदैव समर्पण, सहजता और सहयोग की भावना के साथ किया तथा परिसर के शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्यों में उल्लेखनीय योगदान दिया।
कार्यालय की ओर से पूर्व अनुभाग अधिकारी एवं लेखाधिकारी Guru Prasad Kemni श्री गुरु प्रसाद ने प्रो. नेगी के सरल, सहज एवं आत्मीय व्यक्तित्व का परिचय प्रस्तुत करते हुए उनके साथ बिताए कार्यकाल के अनुभवों को साझा किया। उन्होंने कहा कि प्रो. नेगी का व्यवहार सदैव सहयोगात्मक रहा और उनके व्यक्तित्व ने सहकर्मियों के बीच आत्मीय सम्बन्ध स्थापित किए।
समारोह के अन्त में सभाध्यक्ष परिसर निदेशक प्रो. सर्वनारायण झा ने प्रो. गुरुचरण सिंह नेगी के प्रति अपने भाव व्यक्त करते हुए कहा कि किसी सहकर्मी का नए दायित्व के लिए परिसर से विदा होना एक ओर प्रसन्नता का विषय है, वहीं दूसरी ओर आत्मीय सहयोगी के दूर जाने की अनुभूति भी होती है। उन्होंने कहा कि प्रो. नेगी ने अपने कार्यकाल में जिस निष्ठा, सहजता और समर्पण के साथ परिसर के शैक्षणिक एवं प्रशासनिक दायित्वों का निर्वहन किया, वह सदैव स्मरणीय रहेगा। प्रो. झा ने कहा कि प्रो. नेगी का व्यक्तित्व उनकी विद्वत्ता के साथ-साथ उनकी सरलता, सौम्यता, विनम्रता और सहयोग की भावना के कारण विशिष्ट रहा है। उन्होंने अपने व्यवहार और कार्यशैली से सहकर्मियों के बीच विश्वास एवं आत्मीयता का वातावरण निर्मित किया। उनके योगदान को केवल उनके द्वारा किए गए कार्यों तक सीमित नहीं किया जा सकता, बल्कि उनके मानवीय व्यवहार की छाप भी परिसर में लम्बे समय तक बनी रहेगी।
उन्होंने कहा कि “दायित्व बदलते हैं, लेकिन व्यक्ति के द्वारा छोड़ी गई कार्य-संस्कृति और आत्मीय स्मृतियाँ बनी रहती हैं।” प्रो. नेगी का Central Sanskrit University Ekalavya Campus, Agartala - एकलव्यपरिसरः एकलव्य परिसर के निदेशक के रूप में नवीन दायित्व ग्रहण करना उनके अनुभव और क्षमता के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि प्रो. नेगी वहाँ भी अपनी विद्वत्ता, प्रशासनिक अनुभव एवं सहज कार्यशैली से संस्था को नई दिशा प्रदान करेंगे। अन्त में प्रो. सर्वनारायण झा ने प्रो. नेगी को नवीन दायित्व के लिए हार्दिक शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि लखनऊ परिसर के द्वार उनके लिए सदैव आत्मीयता और सम्मान के साथ खुले रहेंगे। समारोह का वातावरण आत्मीय एवं भावुक रहा। उपस्थित अधिकारियों एवं शिक्षकों ने प्रो. नेगी के नए दायित्व के लिए शुभकामनाएँ देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। Central Sanskrit University