12/09/2026
भूड़ क्षेत्र में शिक्षा की कमी को देखते हुए एक साधारण परिवार के व्यक्ति श्री जीसुखराम यादव जी ने अपनी सामान्य पँूजी का एक छोटा सा अंश लगाकर श्री जीसुखराम यादव शिक्षा समिति का गठन किया। जिसके अध्यक्ष मा0 रूमाल सिंह यादव जी को बनाया और उनकी अध्यक्षता में स्वयं ने प्रबन्धक की जिम्मेदारी लेते हुए ग्राम सौंधन सम्भल में एक विद्यालय की नींव सन् 2005 में रखी। तभी से यह विद्यालय समस्त भूड़ क्षेत्र में शिक्षा की अलख जगा रहा है। प्रत्येक वर्ष समस्त भूड़ क्षेत्र से लगभग 1000 बच्चे हाईस्कूल/इण्टरमीडिएट की परीक्षायें उत्तीर्ण करते है। प्रत्येक वर्ष 100 से अधिक बच्चे सरकारी/गैर सरकारी सेवाओं में अवसर पाते है एवं कौशल विकास के माध्यम से संस्था लगभग 200 बच्चों को प्रत्येक वर्ष स्वरोजगार से जोड़ती है। एक साधारण परिवार में जन्म लेकर केवल खेती किसानी के पैसों से एवं स्वयं की अच्छी शिक्षा के आधार पर पूरे भूड़ क्षेत्र को शिक्षा से जोड़ने का कार्य सामान्य कार्य नहीं है। आप सामान्य सोच के व्यक्ति नहीं है। इसीलिए तो आपका विद्यालय प्रत्येक वर्ष नये आयामों को छूता जा रहा है। प्रत्येक वर्ष विद्यालय मेे लगभग 200 बच्चे जिनके पिताजी नहीं है, निःशुल्क शिक्षा ग्रहण करते है। मेधावी छात्र/छात्राओं को विशेष प्रोत्साहन दिया जा रहा है। चार बार आपका विद्यालय जिला टॉप-10 सूची में स्थान बना चुका है। एक ग्रामीण अंचल के विद्यालय के लिए यह सामान्य उपलब्धि नहीं है। सन् 2005 से अब तक 21 वर्ष की लम्बी समय अवधि में आपसे प्रेरित होकर इसी क्षेत्र में लगभग 12 इण्टरकालिज की स्थापना हुई है। ये सभी कालिज भी अपने अपने क्षेत्र में बच्चों को अच्छी शिक्षा प्रदान कर रहे है। आपने भी अब तक लगभग 10,000 से अधिक छात्र/छात्राओं को इण्टरमीडिएट की परीक्षा उत्तीर्ण कराकर उच्च शिक्षा के लिए प्रेरित किया है। इस क्षेत्र में पहले छात्र भी शिक्षा ग्रहण नहीं कर पाते थे और आपने एक ऐसा माहौल बना दिया है कि हमारे ग्राम और किसानों की बेटियॉ भी अच्छी शिक्षा ग्रहण करके आगे बढ़ रही है और अपने गॉव समाज एवं माता पिता का नाम रोशन कर रही है। शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभाने वाले ऐसे व्यक्तित्व को मैं दिल से धन्यवाद देता हॅू एवं आपकी लगन, मेहनत और प्रयास की सराहना करता हॅू।