17/03/2026
भारतीय सामाजिक विज्ञान अनुसंधान परिषद्, नई दिल्ली द्वारा वर्ष 2025–26 के लिए आमंत्रित शोध परियोजना प्रस्तावों के अंतर्गत महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय, वर्धा के समाजशास्त्र विभाग के डॉ. वरुण कुमार उपाध्याय तथा शिक्षा विभाग के डॉ. चन्द्रशेखर पाण्डेय द्वारा प्रस्तुत शोध प्रस्ताव को परिषद की विशेषज्ञ समिति की अनुशंसा के आधार पर स्वीकृति प्रदान की गई है। इस परियोजना के प्रधान अन्वेषक डॉ. वरुण कुमार उपाध्याय तथा सह-अन्वेषक डॉ. चंद्रशेखर पाण्डेय हैं।
परियोजना का शीर्षक है -
"Designing a Web-based Information System and a Model of Environmental Education for the Indigenous Ecological Knowledge System of the Chero Tribe in Bihar"
इस परियोजना का उद्देश्य बिहार के कैमूर जिले में निवासरत चेरो जनजाति की समृद्ध पारंपरिक पारिस्थितिकी ज्ञान प्रणाली का नृविज्ञान अध्ययन करना है। इसके अंतर्गत चेरो जनजाति की स्थानीय जैव-विविधता, पारिस्थितिकी ज्ञान के संप्रेषण की विधियों, संस्कृति एवं पर्यावरण के पारस्परिक संबंधों का सुव्यवस्थित प्रलेखन किया जाएगा। साथ ही, नृविज्ञान-आधारित समेकित पर्यावरण शिक्षा का एक मॉडल तथा एक डिजिटल सूचना प्रणाली विकसित की जाएगी।
यह परियोजना भारतीय ज्ञान परंपरा के संरक्षण तथा उसके शैक्षिक एकीकरण की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण पहल सिद्ध होगी। इस उपलब्धि पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. कुमुद शर्मा ने दोनों शोधकर्ताओं को हार्दिक बधाई दी है।
Indian Council of Social Science Research, New Delhi University Grants Commission Ministry of Education